राफेल के मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा

0
216
views

लोकसभा चुनाव से पहले एक बार फिर राफेल मुद्दा चर्चा में है. सुप्रीम कोर्ट में आज राफेल डील पर दाखिल पुनर्विचार याचिकाओं पर सुनवाई हुई. राफेल के दस्तावेज लीक होने पर केंद्र के विशेषाधिकार के दावे पर सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया है.

सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट को पुनर्विचार याचिकाओं से लीक हुए पन्नों को हटाने का निर्देश देना चाहिए, क्योंकि सरकार इन दस्तावेजों पर विशेषाधिकार का दावा करती है. उन्होंने कहा कि संबंधित विभाग की अनुमति के बगैर कोई भी इन्हें अदालत में पेश नहीं कर सकता.

सुप्रीम कोर्ट ने अटॉर्नी जनरल से पूछा कि आप क्या विशेषाधिकार का दावा करते हैं ? वे उन्हें पहले ही कोर्ट में पेश कर चुके हैं. इस पर अटॉर्नी जनरल ने कहा- उन्होंने इसे चोरी करने के बाद प्रस्तुत किया है. स्टेट डॉक्यूमेंट्स को बिना अनुमति के प्रकाशित नहीं किया जा सकता है.

वेणुगोपाल ने अपने दावे के समर्थन में साक्ष्य कानून की धारा 123 और सूचना के अधिकार कानून के प्रावधानों का हवाला दिया. उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा से संबंधित कोई भी दस्तावेज कोई प्रकाशित नहीं कर सकता क्योंकि राष्ट्र की सुरक्षा सर्वोपरि है.

इसके बाद वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने कहा कि आरटीआई जनहित को सबसे ज्यादा अहम बताता है. लिहाजा खुफिया एजेंसियों के दस्तावेजों को छोड़कर किसी भी दस्तावेज पर सरकार विशेषाधिकार का दावा नहीं कर सकती है. उन्होंने कहा कि अटॉर्नी जनरल जिन दस्तावेजों पर विशेषाधिकार जता रहे हैं, वो पहले से ही प्रकाशित हो चुके हैं और पब्लिक डोमेन में उपलब्ध हैं.