टोक्यो जापान दौरे के दूसरे दिन अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने साफ कहा कि उत्तर कोरिया के साथ युद्ध होने पर उनका देश जापान के साथ मैदान में उतरेगा। उन्होंने जापान के साथ अमेरिका के व्यापारिक असंतुलन को दूर करने के प्रयास को भी अपने दौरे का महत्वपूर्ण उद्देश्य बताया। उल्लेखनीय है कि अमेरिका जहां दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था वाला देश है तो जापान में तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है। जापान और अमेरिका के बीच होने वाले व्यापार में आयात-निर्यात के बीच बड़ा अंतर है। जापानी प्रधानमंत्री शिंजो एबी के साथ बैठक के बाद ट्रंप ने कहा, उत्तर कोरिया के मामले

वॉशिंगटन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पांच देशों की एशिया यात्रा के मद्देनजर व्हाइट हाउस ने कहा कि अमेरिका उत्तर कोरिया को आतंकवाद का प्रायोजक घोषित करने पर विचार किया जा रहा है. ट्रंप की एशिया यात्रा के दौरान उत्तर कोरिया के परमाणु कार्यक्रम के मुद्दे पर चर्चा किए जाने की संभावना है. उत्तर कोरिया ने सितंबर में सबसे बड़ा परमाणु परीक्षण किया था जिसके बाद से कोरियाई प्रायद्वीप में तनाव बढ़ गया. उत्तर कोरिया की सरकारी संवाद समिति केसीएनए ने इसे हाइड्रोजन बम का परीक्षण बताया था. राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार एच आर मैक्मास्टर ने कहा कि अमेरिका, उत्तर कोरिया को

यूनाइटेड नेशंस अमेरिका और दक्षिण कोरिया के संयुक्‍त सैन्‍य अभ्‍यास से कोरियाई प्रायद्वीप में तनाव बढ़ गया है। वहीं उत्‍तर कोरिया ने चेतावनी दे दी है कि किसी भी क्षण परमाणु युद्ध हो सकता है। आपको बता दें कि अमेरिका और दक्षिण कोरिया द्वारा कोरियाई प्रायद्वीप के पूर्वी और पश्चिमी तटों पर संयुक्‍त सैन्‍य अभ्‍यास शुरू करने को लेकर उत्‍तर कोरिया भड़क गया है और अमेरिका के कैरिबियाई क्षेत्र गुआम पर मिसाइल हमले की फिर से धमकी दे डाली है। ब्‍लूमबर्ग के अनुसार, संयुक्‍त राष्‍ट्र में उत्‍तर कोरिया के डिप्‍टी एंबेसडर किम इन रेयांग ने सोमवार को कहा कि उनका देश पूरी तरह

अमेरिकी विदेश मंत्री रेक्स टिलरसन ने कहा कि अमेरिका ने उत्तर कोरिया के साथ संवाद का रास्ता खोल दिया है. इसकी जांच की जा रही है कि क्या उत्तर कोरियाई शासन अपने परमाणु हथियार कार्यक्रम को खत्म करने के लिए बातचीत को तैयार है. टिलरसन का यह बयान उस वक्त आया है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उत्तर कोरिया के शासक किम जोंग उन के बीच जुबानी जंग काफी बढ़ गई है. अमेरिकी विदेश मंत्री ने कहा, हम जांच कर रहे हैं इसलिए आप नजर बनाए रखें. प्योंगयांग के साथ हमारा कई तरह से संपर्क बना हुआ है. हम अंधेरे की

क्वालालांपुर मलेशियाई विदेश मंत्रालय ने गुरुवार को अपने नागरिकों को कोरियाई प्रायद्वीप में तनाव बढ़ने के कारण प्योंगयांग की यात्रा करने पर प्रतिबंध लगा दिया है। मंत्रालय ने कहा, हाल ही में मिसाइल परीक्षणों के बाद इन प्रायद्वीपों में तनाव बढ़ने के मद्देनजर ये फैसला लिया गया है। यह भी कहा गया कि स्थिति सामान्य होने के बाद यात्रा पर लगे प्रतिबंध की समीक्षा की जाएगी। बता दें कि मलेशिया की तरफ से प्रतिबंध का यह आदेश तब आया जब, उत्तर कोरिया के किम जोंग-उन के भाई किम जोंग-नाम की फरवरी में हत्या करने का आरोप तीन महिलाओं पर लगाया गया। गौरतलब है

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर अमेरिका में यात्रा करने पर रोक लगाने वाली एक नई लिस्ट जारी की है जिसमें उत्तर कोरिया, वेनेजुएला और चाड समेत आठ देशों को शामिल किया गया है. इन देशों के नागरिकों पर यात्रा प्रतिबंध लगाने के लिए खराब सुरक्षा जांच और अमेरिकी अधिकारियों के साथ समुचित सहयोग न करने का हवाला दिया गया है. इस बैन लिस्ट में उत्तर कोरिया, वेनेजुएला, ईरान, चाड, लिबिया, सीरिया, यमन और सोमालिया का नाम है. वहीं सूडान के नागरिकों पर से प्रतिबंध हटा दिए गए. बता दें कि यात्रा प्रतिबंध के पहले आदेश में उन्हें राजनीतिक

बीजिंग। चीन ने कहा कि उत्तर कोरिया के परमाणु परीक्षण स्थल के नजदीक शनिवार को आये 3.5 तीव्रता के भूकंप के पीछे कारण कोई ताजा परमाणु परीक्षण नहीं था। चाइना अर्थक्वेक नेटवर्क्स सेंटर (सीईएनसी) ने कल देर रात एक बयान में कहा कि इंफ्रासोनिक आंकड़ों से पता चलता है कि यह घटना परमाणु विस्फोट नहीं थी बल्कि यह प्राकृतिक रूप से भूकंप ही था। हालांकि शुरू में उसने विस्फोट का संदेह जाहिर किया था। उत्तर कोरिया का तीन सितंबर को हुआ पिछला परमाणु परीक्षण देश का सबसे शक्तिशाली परीक्षण था। इसके बाद चीन में सीमा पर 6.3 तीव्रता के भूकंप के तेज झटके

सोल उत्तर कोरिया ने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की उनके देश को बर्बाद करने की धमकी को तवज्जो न देते हुए इसकी तुलना ‘कुत्ते के भौंकने’ से की और कहा कि उत्तर कोरिया इस धमकी से नहीं डरेगा. ट्रंप ने मंगलवार को संयुक्त राष्ट्र महासभा में दिए अपने पहले संबोधन में उत्तर कोरिया को चेतावनी दी थी कि अगर उसने अमेरिका या उसके सहयोगी देशों पर हमला किया तो अमेरिका उसे ‘पूरी तरह बर्बाद’ कर देगा. संयुक्त राष्ट्र बैठकों के लिए न्यूयॉर्क पहुंचे उत्तर कोरिया के विदेश मंत्री री योंग-हो को पत्रकारों ने ट्रंप के भाषण से संबंधित सवालों से घेर लिया और

संयुक्त राष्ट्र अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने उत्तर कोरियाई नेता किम जोंग उन को आत्मघाती मिशन पर जानेवाला रॉकेट मैन बताते हुए कहा कि यदि उ. कोरिया परमाणु चुनौतियां पेश करने से बाज नहीं आता है तो अमेरिका उस देश को पूरी तरह बर्बाद करने के लिए बाध्य होगा। ट्रम्प ने संयुक्त राष्ट्र महासभा हॉल में उत्तर कोरिया के लिए अब तक की अपनी सबसे जबरदस्त चेतावनी जारी की तो पूरा हॉल ने समर्थन किया। उन्होंने कहा कि यदि उ. कोरिया पीछे नहीं हटता है तो हमारे पास उत्तर कोरिया को पूरी तरह तबाह करने के अलावा कोई और विकल्प नहीं

वॉशिंगटन अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने रविवार को हालिया मिसाइल परीक्षण के बाद उत्तर कोरिया पर आर्थिक और कूटनीतिक दबाव और भी कड़ करने का फैसला किया है. इससे पहले उत्तर कोरिया के जापान के ऊपर से मिसाइल दागने के 2 दिन बाद ट्रंप ने फोन पर दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति जाए इन मून से बातचीत की. ट्रंप और मून ने प्रतिरोधक और रक्षा क्षमताओं को मजबूत बनाने और उत्तर कोरिया पर आर्थिक और कूटनीतिक दबाव को अधिकतम करने के प्रति प्रतिबद्धता जताई. दोनों नेताओं के बीच हुई बातचीत के बाद दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति कार्यालय के प्रवक्ता पार्क सु ह्येन