हिसार में जाट धर्मशाला में जाट आरक्षण संघर्ष समिति की मीटिंग का आयोजन किया गया। इस बैठक में पिछले 26 अगस्त को कोर कमेटी मीटिंग में जो फैसले लिए गए उस पर विचार किया गया। इस मौके पर जाटों ने आरक्षण ना देने पर फिर से प्रदेश सरकार को आंदोलन की चेतावनी दी है। इसके अलावा जाट आरक्षण संघर्ष समिति शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए जाट सेवा संघ बनाया है और संघ के जरिए से 26 नवंबर को रोहतक में आरक्षण स्थल पर दस एकड़ भूमि का पूजन किया जाएगा और जसिया के धरना स्थल के पास ये शिक्षण संस्थान

चंडीगढ़: हरियाणा में जाट आरक्षण पर रोक जारी रहेगी. जाटों सहित छह जातियों को पिछड़े वर्ग के तहत दिए गए आरक्षण के लाभ पर पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने अपना फैसला सुना दिया है.  हाईकोर्ट ने नेशनल बैकवर्ड कमिशन को 2018 तक इस मामले पर रिपोर्ट देने को कहा है कि यह सही है या नहीं. याचिका पक्ष की तरफ से हाईकोर्ट में हरियाणा शिक्षा विभाग के आंकड़े कोर्ट में पेश करते हुए कहा गया था कि अलग अलग पदों पर जाटों का प्रतिनिधित्व 30 से 56 प्रतिशत है. वहीं, हरियाणा सरकार की तरफ से कहा गया कि याचिका के आंकड़े गलत है. जाति के

जाट आरक्षण संघर्ष समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष यशपाल मलिक झज्जर में आयोजित एक कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि पहुंचे। इस मौके पर उन्होंने कहा कि सरकार ने उनकी ज्यादातर मांगों को मान लिया है और बाकी मांगों को भी जल्द ही मान लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि अभी भी कुछ साथी जो जेल में बंद हैं, उनका मामला कोर्ट में विचाराधीन है। इस संबंध में भी सरकार ने भरोसा दिया है कि उन लोगों को बाहर निकालने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं। मलिक ने कहा कि सरकार अभी तक नौकरी और मुआवजा देकर अपनी बात पर खरा उतरी है। आगे