करनाल में डेंगू ने स्वास्थ्य विभाग के तमाम दावों की पोल खोलकर रख दी है। सीएम सिटी में लगाता डेंगू के मरीज बढ़ते जा रहे हैं। हाल ही में कुल 561 मरीजों के सैंपल लिए गए थे, जिनमें से 115 सैंपल टेस्ट में पॉजिटिव पाए गए हैं। डेंगू के बढ़ते मामले प्रशासन पर सवालिया निशान लगा रहे हैं।  

हरियाणा में डेंगू का कहर कम होने का नाम नहीं ले रहा है. घर-घर पांव पसार रहे डेंगू से प्रदेश में कई मौते हो चुकी हैं. गोहाना में पिछेल 15 दिनों में डेंगू से मौत की तीसरी घटना सामने आई है. गोहाना में पांचवीं क्लास में पढ़ने वाले योगेश की दिल्ली में डेंगू से मौत हो गई. परिजनों ने शव को गोहाना लाकर उसका अंतिम संस्कार किया. वही मृतक के परिजनों ने रोहतक PGI के डॉक्टरों पर समय पर मेडिकल सुविधा नहीं देने का आरोप भी लगाया. मृतक योगेश के पिता संदीप ने बताया कि वह अपने बेटे को गोहाना के

हिमाचल में डेंगू के डंक से हड़कंप मचा हुआ है। प्रदेश के अस्पतालों में डेंगू के 2500 से ज्यादा संदिग्ध मामले पहुंचे हैं। करीब 2621 लोगों की जांच की गई, जिनमें 401 मामले पॉजिटिव पाए गए। सबसे ज्यादा प्रकोप सोलन जिले में है, जहां 265 मरीजों में डेंगू की पुष्टि हुई है। हेल्प इमरजेंसी की तर्ज पर राज्य सरकार ने सूबे में अलर्ट जारी कर दिया है। आईजीएमसी के एमएस डॉ. रमेश चंद्र ने बताया कि प्रदेश भर में डेंगू की नि:शुल्क जांच की जा रही है और पॉजीटिव मामलों में रोगियों का निशुल्क इलाज किया जा रहा है। उन्होंने

बरनाला को डेंगू की बीमारी ने अपनी चपेट में ले लिया है। सिविल अस्पताल बरनाला में क्षमता से अधिक डेंगू की बीमारी से पीड़ित दाखिल हैं, जिस कारण मरीज वार्डों की बजाए बाहर चारपाइयों पर इलाज करवाने को मजबूर हैं। एक महीने में एक सौ सोलह पॉजीटिव मरीज डेंगू के सिविल अस्पताल में आ चुके हैं, जबकि 200 से अधिक संदिग्ध मरीज सिविल अस्पताल में अपना इलाज करवा रहे हैं। वहीं बुधवार को भी सोलह डेंगू के मरीजों की पुष्टि की गई है। ये आंकड़े सिर्फ सरकारी अस्पताल बरनाला के हैं। डेंगू की बीमारी के फैलने का मुख्य कारण सफाई का

साइबर सिटी गुरुग्राम में डेंगू-मलेरिया का डंक अभी भी जारी हैं. स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक अभी तक 100 से ज्यादा डेंगू  के संदिग्ध मामले सामने आए है जबकि 44 लोगों को डेंगू का डंक लग चुका है,  जबकि 46 मरीजो को मलेरिया का डंक लगा हैं. एेसे में स्वास्थ्य विभाग ने भी डेंगू-मलेरिया से निपटने के लिए पुख्ता तैयारी शुरु कर दी है. साथ ही साथ सभी प्राइवेट लैब औऱ अस्पतालों में टेस्ट से लेकर हिदायतें जारी की हैं. डेंगू मलेरिया को लेकर जहां स्वास्थ्य विभाग ने अपनी तैयारियां पहले से ही शुरु कर दी थी तो कुछ प्राइवेट अस्पताल भी डेंगू को लेकर जागरुकता अभियान चला रहे है, जिसके लिए

करनाल में डेंगू ने अपने पैर पसार लिए हैं. जिले में डेंगू के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है. अब तक डेंगू के पच्चीस मामले पॉजिटिव पाए गए हैं. इसके अलाव दूसरे जिलों से भी डेंगू के सत्रह सैंपल पॉजिटिव मिले हैं. वहीं, लगातार बढ़ रहे डेंगू को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट है. स्वास्थ्य विभाग की ओर से लोगों को जागरूक किया जा रहा है.

टोहाना में डेगु संभावित मरीजों की संख्या में तेजी से इजाफा हो रहा है. निजी अस्पताल में दिन-ब दिन बढ़ती मरीजों की संख्या चिंता का विषय बनती जा रही है. डॉक्टरों की माने तो पिछले एक हफ्ते में प्लेटलेट्स कम होने वाले रोगियों की संख्या में इजाफा हुआ है. जिसकी जानकारी वो स्वास्थ्य विभाग को दे रहे है. वहीं रोगी और उनके परिजन सरकारी अस्पताल की बजाए निजी अस्पताल पर ज्यादा विश्वास कर रहे है. जिसके चलते निजी अस्पतालों में मरीजों की संख्या बढ़ रही हैं. जानकारी के मुताबिक निजी अस्पतालों में मरीजों की संख्या बढ़ने से बैड की कमी होने

डेंगू का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है. पंजाब के अलग-अलग जिलों में लगातार डेंगू के नये मामले सामने आ रहे हैं.  बरनाला में भी डेंगू के मरीजों का संख्या लगातार बढ़ रही है. बरनाला के सिविल हॉस्पिटल में 40 डेंगू के मरीजों का इलाज चल रहा है. बरनाला के अस्पताल में दूसरे जिलों से भी इलाज के लिए मरीज पहुंच रहे हैं. वहीं,बरनाला प्रशासन का कहना है कि लोगों को बड़ी संख्या में जागरूक किया जा रहा है, और दवा का छिड़काव भी कराया जा रहा है.  

हरियाणा में डेंगू से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह तैयार है। स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने इसके लिए स्वास्थ्य विभाग को कड़े दिशा निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में जरूरत पड़ने पर आइसोलेशन वार्ड बनाए जाएंगे। डेंगू से निपटने के लिए शेड्यूल बनाया गया है, जिसमें सभी विभागों को शामिल किया गया है।