दक्षिणी-पश्चिमी दिल्ली के मधु विहार में रहने वाले फिरोज अहमद के 13 माह के बच्चे मास्टर अमन अहमद को राजापुरी स्थित आकाश सुपर स्पेश्येलिटी हॉस्पिटल्स के चिकित्सकों ने दूसरा जीवन दिया है. मासूम अमन अपने घर में खेलते वक्त पानी की बाल्टी में डूबा गया था और उसे गंभीर हालत में अस्पताल लाया गया था. चिकित्सकों ने इलाज के खर्च की परवाह किए बगैर बच्चे की जान बचाई. अमन के पिता व मां सबा के उस वक्त पैरों तले जमीन खिसक गई थी, जब उन्होंने अपने इकलौते दुधमुंहे बच्चे को पानी भरे बाल्टी में डूबा हुआ पाया. फिरोज उसे पास के

अमेरिका के केंटकी शहर की एक महिला डॉक्टर ने इंसानियत की नायाब मिसाल पेश की है. अमांडा हेस नाम की महिला डॉक्टर ने अपनी डिलीवरी रोक कर एक ऐसी महिला की मदद की जो दर्द से पीड़ित थी. ये घटना 23 जुलाई की है जब अमांडा हॉस्पिटल के एक कमरे में अपनी डिलीवरी के लिए भर्ती थीं. इस दौरान उन्हें पास के ही कमरे से किसी महिला के चिल्लाने की आवाज आई. आवाज सुनते ही अमांडा पास के कमरे में गई. उन्होंने देखा कि पीड़ित महिला की डिलीवरी के दौरान बच्चा फंस जाने के कारण वह भारी दर्द से जूझ रही