मालेगांव धमाके के आरोपी लेफ्टिनेंट कर्नल श्रीकांत पुरोहित जेल से रिहा हो गए. सोमवार को ही उन्हें सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिल गई थी, लेकिन कुछ कागजी कार्यवाही की वजह से मंगलवार को रिहाई नहीं हो सकी. 9 साल बाद नवी मुंबई की तलोजा जेल से रिहा हुए लेफ्टिनेंट कर्नल पुरोहित रिहाई के बाद सीधे पुणे जा रहे हैं, जहां उनका परिवार रहता है. रिहाई के 24 घंटे के अंदर उन्हें पुणे में सेना के सामने हाज़िर होना है. इससे पूर्व सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के एक दिन बाद लेफ्टिनेंट कर्नल श्रीकांत प्रसाद पुरोहित ने कहा कि वह जल्द से

दिल्ली मालेगांव बलास्ट केस में जमानत मिलने के बाद जेल से बाहर आई साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने कांग्रेस और एटीएस पर गंभीर आरोप लगाए हैं. साध्वी का आरोप है कि कांग्रेस ने उन्हें पूरी तरह से खत्म करने का षडयंत्र रचा था. साध्वी ने एटीएस पर उन्हें गंभीर रूप से प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है. खास बात है कि साध्वी ने मुंबई हमले में शहीद तत्कालीन एटीएस चीफ हेमंत करकरे पर भी आरोप लगाए हैं. दो दिन पहले जमानत मिलने के बाद गुरुवार को साध्वी प्रज्ञा भोपाल में पत्रकारों से रू-ब-रू हुई. साध्वी ने कहा कि एटीएस ने उन्हें 10 अक्टूबर

2008 के मालेगांव धमाका मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट ने साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर को 5 लाख के निजी मुचलके पर जमानत दे दी है. वहीं कर्नल पुरोहित की जमानत अर्जी खारिज कर दी है. इसके पहले जांच एजेंसी एनआईए साध्वी प्रज्ञा ठाकुर को अपनी जांच में क्लीन चिट दे चुकी है बावजूद इसके ट्रायल कोर्ट साध्वी की जमानत खारिज कर चुकी है. एनआईए का दावा है कि साध्वी प्रज्ञा ठाकुर के खिलाफ मुकदमा चलाने लायक सबूत नहीं है. इसकी वजह है मामले पर मकोका कानून का न बनना, जबकि ट्रायल कोर्ट ने अभी तक मकोका हटाने पर कोई फैसला नही