रियाद सऊदी अरब के प्रिंस मंसूर बिन मोकरिन की एक हेलीकॉप्‍टर हादसे में मौत हो गई। गृह मंत्रालय ने आज सुबह इसकी पुष्टि की। हादसा रविवार को यमन सीमा के पास सऊदी अरब के असीर प्रांत में हुआ। हेलीकाॅप्‍टर में प्रिंस मंसूर के साथ कई उच्‍च स्‍तर के सरकारी अधिकारी मौजूद थे। यमन सीमा से 160 किमी की दूरी पर आभा शहर के पास उनका हेलीकॉप्‍टर दुर्घटनाग्रस्‍त हो गया। पूर्व क्राउन प्रिंस के थे बेटे प्रिंस मंसूर असीर प्रांत के डिप्टी गवर्नर और पूर्व क्राउन प्रिंस मुकरिन अल सऊद के बेटे थे। प्रिंस मंसूर के पिता को उनके सौतेले भाई किंग सलमान ने

सऊदी अरब रोबोट को सिटिजनशिप देने वाला दुनिया का पहला देश बन गया है। इस रोबोट का नाम सोफिया रखा गया है। सऊदी अरब की पब्लिक रिलेशन अफेयर्स कमेटी ने अपने ऑफिशियल ट्विटर हेंडल पर इसका एलान किया है। कमेटी ने लिखा, “रोबोट सोफिया दुनिया की पहली रोबोट है जिसे सऊदी सिटिजनशिप मिली है।’ सिटिजनशिप मिलने पर रोबोट सोफिया ने शुक्रिया अदा करते हुए कहा, ‘मैं इस विशिष्ट गौरव पर काफी सम्मानित महसूस कर रही हूं। पहली बार रोबोट को सिटिजनशिप से पहचाना जाना ऐतिहासिक है। मैं लोगों के बीच भरोसा बढ़ाने का काम करूंगी।’ [embed]https://www.facebook.com/mhonenewsofficial/videos/1599093936816565/[/embed]  

सऊदी अरब में 14 महीने के कटु अनुभव के बाद एक महिला जेसिनता मेनडोनका स्वेदश लौट आईं। महिला ने आरोप लगाया है कि वहां उन्हें घर में गुलाम की तरह काम करने के लिए मजबूर किया गया। मानव तस्करी की शिकार 42 वर्षीया जेसिनता को मुंबई आधारित एक एजेंसी धोखे से सऊदी अरब ले गई। इस एजेंसी ने उन्हें कतर में एक अच्छी नौकरी दिलाने का वादा किया था। जेसिनता को सबसे पहले दुबई ले जाया गया। वहां से उन्हें कुछ बताए बिना सऊदी अरब ले जाया गया। वहां यानबु में घर में काम पर लगा दिया गया। उन्हें वहां 14

नारनौंद के सुलचानी गांव का युवक साऊदी अरब में रोजगार के लिए गया था, लेकिन जालसाजों के चक्कर में आकर अब साऊदी अरब में ही फंस गया है। पीड़ित युवक ने एक वीडियो वायरल कर अपना दर्द बयां किया है। उधर, संबंधित एजेंट ने पीड़ित परिवार से युवक को वापस लाने के लिए दो लाख रुपए की डिमांड की है, जिसके बाद से पीड़ित परिवार सरकार से न्याय की गुहार लगा रहा है।