मैकलॉडगंज (तिब्बत की निर्वासित सरकार की राजधानी) में तिब्बती बस्तियों से मिली सूचना के मुताबिक इन लोगों ने पहले ही आगामी विधानसभा चुनाव के लिए अपना पंजीकरण करा रखा है। यहां पर करीब 22 हजार तिब्बती शरणार्थी रहते हैं जो भारत में दूसरी सबसे ज्यादा आबादी वाली जगह है। इस पहल पर चिंता जताते हुए तिब्बती बस्तियों के नांगचेन डिविजन के प्रमुख बीर बिलिंग ने कहा, 'हमारा एकमात्र उद्देश्य अपने देश को फिर से पाने के लिए संघर्ष करना है। यदि हम स्थानीय राजनीतिक व्यवस्था में शामिल होंगे तो इस बात की संभावना है कि हमारे लोगों का ध्यान मुख्य विषय

पेइचिंग अरुणाचल प्रदेश के लोग भारत के 'गैरकानूनी' शासन से दुखी हैं और अपनी 'मुश्किल जिंदगी' से परेशान लोग चीन से मिलना चाहते हैं. यह दावा है चीन के एक सरकारी अखबार 'चाइना डेली' का. बुधवार को अखबार ने अपने एक लेख में बौद्ध धर्मगुरु दलाई लामा को अरुणाचल जाने की अनुमति देने के लिए भारत की आलोचना की. चीन दलाई लामा को अरुणाचल में प्रवेश देने का विरोध कर रहा है. अरुणाचल, खासतौर पर तवांग में दलाई लामा को जाने देने की इजाजत देने पर चीन भड़का हुआ है. चीन ने भारत को चेतावनी दी थी कि वह दलाई लामा को