कृषि कानूनों के खिलाफ दिल्ली में आज शिरोमणि अकाली दल का बड़ा प्रदर्शन, कहीं रास्ते बंद तो कहीं भारी पुलिस बल तैनात, धारा 144 लागू

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Shiromani Akali Dal Protest

केंद्र सरकार द्वारा लाए गए नए तीन कृषि कानूनों के एक साल पूरा होने पर शिरोमणि अकाली दल (शिअद) आज दिल्ली में जोरदार प्रदर्शन करेगा। शिअद ने गुरुद्वारा श्री रकाब गंज साहिब जी से संसद तक होने वाले अपने इस प्रदर्शन को ‘ब्लैक फ्राइडे प्रोटेस्ट मार्च’ का नाम दिया है।

वहीं, शिअद के विरोध मार्च के मद्देनजर दिल्ली के शंकर रोड इलाके में भारी संख्या में सुरक्षाकर्मी तैनात कर दिए गए हैं और नई दिल्ली जिले में धारा 144 लागू कर दी गई है। इसके साथ ही दिल्ली मेट्रो के पंडित श्री राम शर्मा और बहादुरगढ़ शहर मेट्रो स्टेशनों के एंट्री/एग्जिट गेट भी बंद कर दिए गए हैं।

नई दिल्ली में धारा 144 लागू 

वहीं, नई दिल्ली के डीसीपी दीपक यादव ने बताया कि तीन कृषि कानूनों के एक साल पूरे होने पर आज दिल्ली में शिरोमणि अकाली दल के नेतृत्व में गुरुद्वारा श्री रकाब गंज साहिब जी से संसद तक होने वाले मार्च को देखते हुए गुरुद्वारा रकाबगंज पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। नई दिल्ली में धारा 144 लागू कर दी गई है। कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने और नियंत्रित करने के मौजूदा दिशानिर्देशों के मद्देनजर विरोध मार्च की अनुमति नहीं दी गई है।

डीसीपी ने बताया कि शिअद के सदस्य यहां पर इकट्ठा हुए हैं, इनके नेताओं से अभी हमारी बातचीत चल रही है, हमने इन्हें स्पष्ट रूप से बता दिया है कि प्रदर्शन की इजाजत नहीं है।

इसके अलावा दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने भी किसानों के विरोध को देखते हुए झड़ौदा कलां बॉर्डर को बैरिकेड्स लगाकर बंद कर दिया है। ट्रैफिक पुलिस ने ट्वीट कर लोगों से इस मार्ग के प्रयोग से बचने की सलाह दी है।

सेंट्रल दिल्ली तक पहुंचने वाले रास्तों को किया गया बंद

अकाली दल के इस विरोध प्रदर्शन से पहले झंडेवालान-पंचकुइयां मार्ग पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई है और रोड पर भारी जाम लग गया है। वहीं, सेंट्रल दिल्ली तक पहुंचने वाले सभी रास्तों को ब्लॉक कर दिया गया है। हालांकि काम पर जाने वाले लोगों को आगे बढ़ने की जगह दी जा रही है लेकिन किसानों को रोक दिया गया है।

जानकारी के अनुसार, शिरोमणि अकाली दल ने गुरुवार को कहा था कि विरोध मार्च गुरुद्वारा श्री रकाबगंज साहिब जी से संसद भवन तक निकाला जाएगा जिसका नेतृत्व शिअद प्रमुख सुखबीर बादल और पूर्व केंद्रीय मंत्री हरसिमरत कौर बादल करेंगी। बता दें कि तीनों कृषि कानून 17 सितंबर 2020 को संसद में पारित हुए थे।